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प.ख.नि., हैदराबाद में 'विज्ञान में आत्मनिभर्ता' पर छटा वेबिनार।

प.ख.नि., हैदराबाद में 'विज्ञान में आत्मनिभर्ता' पर छटा वेबिनार।

 

परमाणु ऊर्जा विभाग (प.ऊ.वि.) की घटक इकाई, परमाणु खनिज अन्वेषण एवं अनुसंधान निदेशालय (प.ख.नि.), हैदराबाद ने इंडियन न्यूक्लियर सोसाइटी (आई.एन.एस.), हैदराबाद शाखा के सहयोग से 28.01.2022 को प.ख.नि. में 'आज़ादी का अमृत महोत्सव' समारोह के अंतर्गत 'विज्ञान में आत्मनिर्भरता' श्रृंखला पर छटे वेबिनार का आयोजन किया। मुख्य समारोह डॉ. होमी जे. भाभा सभागार, प.ख.नि. मुख्यालय, हैदराबाद के परिसर में आयोजित किया गया जिसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर वेबकास्ट किया गया। मुख्य अतिथि पद्मश्री प्रो. दीपांकर चटर्जी, मॉलिक्यूलर बायोफिज़िक्स यूनिट, भारतीय विज्ञान संस्थान, बेंगलुरु समेत देश के विभिन्न भागों से कई गणमान्य श्रोतागण और बड़ी संख्या में प्रतिभागी वर्चुअल मोड के माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए। डॉ. दिनेश श्रीवास्तव, अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी, एन.एफ.सी.; डॉ. जी. अमरेंद्र, राजा रमन्ना फेलो और पूर्व निदेशक, मैटेरियल्स साइंस ग्रुप, इंदिरा गांधी परमाणु अनुसंधान केंद्र; डॉ. डी.के. सिन्हा, निदेशक, प.ख.नि. और अध्यक्ष, आई.एन.एस., हैदराबाद शाखा; अतिरिक्त निदेशक, प.ख.नि. श्री बी. सरवणन, डॉ. टी.एस. सुनील कुमार और श्री आर. मामल्लन ने अपनी उपस्थिति से इस अवसर की शोभा बढ़ाई। साथ ही दर्शकगण में प.ख.नि. के वरिष्ठ अधिकारी, आई.एन.एस. के सदस्य तथा हैदराबाद के विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के छात्र और शिक्षक मौजूद थे। डॉ. डी.के. सिन्हा ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। मुख्य अतिथि प्रो. दीपांकर चटर्जी ने ‘स्वतंत्रता के पश्चात छात्र समुदाय के लिए भारतीय विज्ञान कार्यक्रम का विकास - आत्मनिर्भर भारत का मार्ग' विषय पर आमंत्रित भाषण प्रस्तुत किया। प्रो. चटर्जी ने अपनी वार्ता में भारत सरकार द्वारा स्वतंत्रता के बाद भारत में विज्ञान शिक्षा के विकास के लिए की गई विभिन्न पहलों और प्रतिष्ठित भारतीय वैज्ञानिकों और शिक्षाविदों द्वारा किए गए योगदान के बारे में बताया। तत्पश्चात डॉ. टी.एस. सुनील कुमार, सचिव, आई.एन.एस., हैदराबाद शाखा ने धन्यवाद प्रस्ताव रखा। राष्ट्रगान की प्रस्तुति के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।